चाईबासा: पश्चिमी सिंहभूम जिले के कोल्हान विश्वविद्यालय सभागार में ग्रामीण विकास विभाग की ओर से कार्यशाला-सह-सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य ग्रामीण विकास योजनाओं की प्रगति की समीक्षा, अधिकारियों एवं कर्मियों को प्रशिक्षण देना तथा उत्कृष्ट कार्य करने वाले कर्मियों को सम्मानित करना था। समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में उपायुक्त मनीष कुमार शामिल हुए।

कार्यक्रम में उप विकास आयुक्त उत्कर्ष कुमार, अनुमंडल पदाधिकारी श्रुति राजलक्ष्मी, प्रशिक्षु आईएएस ईरा जोरवाल, जिला पंचायती राज पदाधिकारी सविता टोपनो सहित जिले के सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं ग्रामीण विकास विभाग के अधिकारी-कर्मी उपस्थित रहे।
कार्यशाला के दौरान विभिन्न योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, गुणवत्ता, पारदर्शिता और जनभागीदारी पर विशेषज्ञों ने प्रशिक्षण दिया। साथ ही विभागीय समन्वय को मजबूत बनाने के उद्देश्य से जिला स्तर पर तैयार फोन नंबर संग्रह पुस्तिका का भी विमोचन किया गया।
समारोह में ग्रामीण विकास विभाग के अंतर्गत उत्कृष्ट कार्य करने वाले कई अधिकारियों, पंचायत सचिवों, अभियंताओं, समन्वयकों और अन्य कर्मियों को प्रशस्ति पत्र एवं गमछा देकर सम्मानित किया गया। वहीं प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 13 लाभुकों को गृह प्रवेश स्वीकृति पत्र भी प्रदान किए गए।
अपने संबोधन में उपायुक्त मनीष कुमार ने कहा कि विकसित भारत के लक्ष्य को हासिल करने में ग्रामीण विकास योजनाओं की अहम भूमिका है। उन्होंने रोजगार सृजन बढ़ाने, मनरेगा श्रमिकों का ई-केवाईसी समय पर पूरा करने तथा प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत हर माह कम-से-कम 500 आवास पूर्ण करने का लक्ष्य निर्धारित किया। इसके साथ ही सभी पंचायत सचिवालयों के सुदृढ़ीकरण का कार्य 15 अगस्त तक पूरा करने के निर्देश दिए।
उप विकास आयुक्त उत्कर्ष कुमार ने भी योजनाओं के समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण और पारदर्शी क्रियान्वयन पर जोर देते हुए नियमित मॉनिटरिंग करने तथा बिरसा हरित ग्राम योजना के अंतर्गत परिसंपत्तियों की सुरक्षा और सूचना पट्ट लगाने के निर्देश दिए।
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न योजनाओं से संबंधित प्रदर्शनी स्टॉलों का अवलोकन किया गया तथा स्वास्थ्य विभाग की ओर से स्वास्थ्य जांच शिविर भी लगाया गया। समापन अवसर पर सभी अधिकारियों और कर्मियों ने ग्रामीण विकास योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने, विकसित भारत के संकल्प को साकार करने तथा नशा मुक्त समाज के निर्माण का सामूहिक संकल्प लिया।














