रिपोर्ट मनोज प्रजापति।

जैसीनगर, 21 अगस्त 2026। मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के अंतर्गत शुक्रवार को जैसीनगर में खंड स्तरीय जन विश्वास शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण कैबिनेट मंत्री श्री गोविंद सिंह राजपूत, कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल, पुलिस अधीक्षक श्री अनुराग सुजानिया, जिला पंचायत सीईओ श्री विवेक केवी सहित जिला एवं ब्लॉक स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे। अधिकारियों ने आमजन से सीधे संवाद कर विभिन्न समस्याओं और शिकायतों को सुना तथा कई प्रकरणों का मौके पर ही निराकरण किया।
प्रशासन अब जनता के द्वार
कैबिनेट मंत्री श्री गोविंद सिंह राजपूत ने कहा कि मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान का उद्देश्य शासन और जनता के बीच की दूरी को समाप्त करना है। उन्होंने कहा कि अब प्रशासन जनता के द्वार पहुंचकर उसकी समस्याओं का समाधान करेगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशा है कि नागरिकों को छोटी-छोटी समस्याओं के लिए जिला मुख्यालय के चक्कर न लगाने पड़ें।

उन्होंने बताया कि यह शिविर श्रृंखला जनवरी 2027 तक निरंतर चलेगी और प्रत्येक शुक्रवार को आमजन की समस्याओं के समाधान के लिए शिविर आयोजित किए जाएंगे। मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आयुष्मान कार्ड, संबल योजना, प्रधानमंत्री आवास सहित अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ प्रत्येक पात्र व्यक्ति तक पहुंचाया जाए।
जैसीनगर अस्पताल के कायाकल्प की घोषणा
मंत्री श्री राजपूत ने क्षेत्र के विकास से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर भी चर्चा की। उन्होंने बताया कि जैसीनगर अस्पताल को लगभग 20 करोड़ रुपये की लागत से अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस कर कायाकल्प किया जाएगा। साथ ही शासकीय कॉलेज एवं सांदीपनि विद्यालय के माध्यम से क्षेत्र में शिक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने की बात कही।
किसानों से संवाद करते हुए उन्होंने प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि रासायनिक खादों के अत्यधिक उपयोग से भूमि की उर्वरता प्रभावित हो रही है, इसलिए प्राकृतिक एवं देशी पद्धतियों को अपनाने की आवश्यकता है।
सात दिनों में शिकायतों के निराकरण के निर्देश

कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल ने कहा कि शिविर का मुख्य उद्देश्य लंबे समय से लंबित आवेदनों एवं शिकायतों का त्वरित और गुणवत्तापूर्ण समाधान करना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि नामांतरण, सीमांकन, कब्जा, प्रधानमंत्री आवास, बिजली बिल, पेयजल, राशन एवं मरम्मत सहित शिविर में प्राप्त शिकायतों का अनिवार्य रूप से सात दिनों के भीतर निराकरण किया जाए।
कलेक्टर ने किसानों को स्वरोजगार के लिए माइक्रोफाइनेंस, उद्योग विभाग एवं एमएसएमई के अंतर्गत संचालित योजनाओं का लाभ लेने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने बच्चों के स्वास्थ्य, कुपोषण की रोकथाम तथा नशे से दूर रहने को लेकर भी लोगों को जागरूक किया।
घरेलू हिंसा और महिला अपराधों पर एसपी ने जताई चिंता

पुलिस अधीक्षक श्री अनुराग सुजानिया ने कहा कि मध्य प्रदेश शासन जनता की सुरक्षा और सहायता के लिए संवेदनशील है। मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार प्रत्येक शुक्रवार को आयोजित होने वाले शिविरों के माध्यम से जनता की वैधानिक एवं न्यायसंगत मांगों को प्राथमिकता से पूरा किया जा रहा है।
उन्होंने डायल-112 के आंकड़ों का उल्लेख करते हुए घरेलू हिंसा एवं महिलाओं से जुड़े अपराधों को लेकर चिंता व्यक्त की। एसपी ने कहा कि पुलिस हर समस्या के समाधान के लिए तत्पर है, लेकिन समाज और परिवार के स्तर पर भी ऐसे मामलों की रोकथाम के लिए प्रयास जरूरी हैं। उन्होंने शैक्षणिक संस्थानों के आसपास असामाजिक गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगाने की बात कही।
प्राकृतिक खेती पर हुआ कृषि संवाद
शिविर के दौरान कृषि संवाद में स्थानीय किसान श्री देवेंद्र पांडे ने भी अपने विचार साझा किए। उन्होंने ‘जीवे जीव आधार’ के सिद्धांत के साथ प्राकृतिक खेती के महत्व पर प्रकाश डाला और बताया कि बिना रासायनिक खाद के भी प्राकृतिक तरीके से अच्छी उपज प्राप्त की जा सकती है।
कार्यक्रम में अधिकारियों ने आमजन से सीधा संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं। कई मामलों का मौके पर ही निराकरण किया गया, जबकि शेष प्रकरणों को निर्धारित समय-सीमा में निपटाने का आश्वासन दिया गया। शिविर में प्रशासन और जनता के बीच सीधा संवाद मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान की मंशा को प्रभावी रूप से धरातल पर उतारता नजर आया।















