पत्रकार के साथ किया दुर्व्यवहार पत्रकार की स्वतंत्रता का किया हनन

ब्यूरो रिपोर्ट: शोभित पाण्डेय
समाचार के माध्यम से उच्चाधिकारियों पत्रकार ने कराया अवगत, जल्द पुलिस अधीक्षक जालौन से मिलेगा पत्रकारों का प्रतिनिधिमंडल
जालौन: दैनिक समाचार संकलन के एक संवाददाता ने थाना प्रभारी निरीक्षक रामपुरा पर गंभीर आरोप हैं। कि थाना रामपुरा क्षेत्र से जुड़े खबरों एवं सामाजिक सरोकारों के समाचार लगातार प्रकाशित किए जाने से थाना प्रभारी नाराज़ हो गए
आरोप है कि 3 अगस्त 2026 को पत्रकार को फोन करके थाने बुलाया गया और बिना किसी वैधानिक आधार के लगभग चार घंटे तक थाने में बैठाए रखा गया। इस दौरान उनके साथ कथित रूप से अभद्र व्यवहार किया गया, मां-बहन की गालियां दी गईं तथा जातिसूचक एवं अपमानजनक शब्दों का प्रयोग किया गया। यह भी आरोप है कि उनका मोबाइल फोन अपने कब्जे में ले लिया गया, जिससे वह अपने साथ हुई कथित अभद्रता का ऑडियो या वीडियो रिकॉर्ड नहीं कर सके। 4, घंटे बाद में पत्रकार का मोबाइल वापस दिया गया। पत्रकार का यह भी आरोप है कि उन्हें भविष्य में ऐसे समाचार प्रकाशित न करने तथा ऐसा करने पर फर्जी मुकदमे फसाने जान से मारने की धमकी थाना प्रभारी निरीक्षक द्वारादी गई
पत्रकार का कहना है कि पूरी घटना के पत्रकार प्रत्यक्षदर्शी गवाह है तथा थाना परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज, आगंतुक रजिस्टर एवं अन्य अभिलेखों की जांच से पूरे मामले की वास्तविकता सामने आ सकती है। तथा थाना प्रभारी निरीक्षक ने जबरजस्ती करके पत्रकार प्रार्थना पत्र लिखवा लिया है जो एक जांच का विषय बनता है
इस कथित घटना को लेकर माधौगढ़ तहसील के संवाददाताओं तथा रामपुरा क्षेत्र के पत्रकारों में भारी रोष व्याप्त बताया जा रहा है। पत्रकारों का कहना है कि यदि जनहित के मुद्दों को उठाने वाले पत्रकारों के साथ इस प्रकार का कथित व्यवहार होता है, तो यह स्वतंत्र एवं निष्पक्ष पत्रकारिता के लिए गंभीर विषय है।
फिलहाल पत्रकार ने इस समाचार के माध्यम से पूरे घटनाक्रम से उच्चाधिकारियों को अवगत कराने का प्रयास किया जानकारी के अनुसार, जल्द ही माधौगढ़ तहसील एवं रामपुरा क्षेत्र के पत्रकारों का व उरई का एक प्रतिनिधिमंडल पुलिस अधीक्षक जालौन से मुलाकात कर पूरे मामले का प्रार्थना पत्र सौंपेगा तथा निष्पक्ष जांच, संबंधित साक्ष्यों को सुरक्षित रखने और दोषी पाए जाने पर नियमानुसार कानूनी एवं विभागीय कार्रवाई की मांग करेगा। साथ ही पत्रकारों की सुरक्षा एवं स्वतंत्र रूप से समाचार संकलन के अधिकार की रक्षा सुनिश्चित किए जाने की भी मांग की जाएगी।














