चाईबासा:80वें स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर पश्चिमी सिंहभूम जिला प्रशासन के तत्वावधान में कोल्हान विश्वविद्यालय स्थित वीर शहीद पोटो हो सभागार में भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जिले के विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राओं ने देशभक्ति, स्वच्छता, राष्ट्रप्रेम और भारत की सांस्कृतिक विविधता पर आधारित मनमोहक प्रस्तुतियां देकर उपस्थित लोगों का दिल जीत लिया।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि चक्रधरपुर रेल डिवीजन के महाप्रबंधक तरुण हुरिया रहे। इस अवसर पर उपायुक्त मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक अमित रेनू, जिला परिषद अध्यक्ष लक्ष्मी सुरीन, अपर उपायुक्त किस्टो कुमार बेसरा, प्रशिक्षु आईएएस ईरा जोरवाल, चाईबासा नगर परिषद अध्यक्ष नितिन प्रकाश सहित जिला प्रशासन एवं रेलवे के कई पदाधिकारी तथा गणमान्य लोग मौजूद रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत राष्ट्रगीत और राष्ट्रगान के बाद अतिथियों द्वारा सामूहिक रूप से दीप प्रज्वलित कर की गई। इसके बाद विभिन्न विद्यालयों के विद्यार्थियों ने गीत, नृत्य, नाटक एवं अन्य सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से स्वतंत्रता संग्राम के वीरों के त्याग, राष्ट्रीय एकता, स्वच्छ भारत और देश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत का संदेश दिया।
एकलव्य विद्यालय, कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय, नेताजी सुभाष चंद्र बोस आवासीय बालिका विद्यालय, मूकबधिर विद्यालय, सेंट जेवियर बालिका उच्च विद्यालय, राजकीय कृत +2 उच्च विद्यालय चिटिमिटी, सूरजमल जैन डीएवी स्कूल समेत जिले के विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राओं ने कार्यक्रम में उत्साहपूर्वक भाग लिया।
मुख्य अतिथि तरुण हुरिया ने विद्यार्थियों को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि आजादी केवल उत्सव मनाने का अवसर नहीं, बल्कि देश के प्रति अपने कर्तव्यों और जिम्मेदारियों को याद करने का दिन है। उन्होंने विद्यार्थियों से अनुशासन, मेहनत, ईमानदारी और राष्ट्रसेवा की भावना के साथ आगे बढ़ने का आह्वान किया।
उपायुक्त मनीष कुमार ने कहा कि स्वतंत्रता अनेक वीरों के त्याग और बलिदान से प्राप्त हुई है। इसकी गरिमा बनाए रखना प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि देशभक्ति केवल कार्यक्रमों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण, अनुशासन, शिक्षा और समाज के प्रति संवेदनशीलता के रूप में दैनिक जीवन में भी दिखाई देनी चाहिए।
पुलिस अधीक्षक अमित रेनू ने कहा कि स्वतंत्रता के साथ अधिकारों के प्रति जागरूकता जरूरी है, लेकिन अपने कर्तव्यों को समझना भी उतना ही महत्वपूर्ण है। उन्होंने विद्यार्थियों से सकारात्मक सोच, अनुशासन और जिम्मेदारी के साथ राष्ट्र निर्माण में योगदान देने की अपील की।
कार्यक्रम के दौरान सभागार में मौजूद अतिथियों, शिक्षकों और दर्शकों ने विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों का तालियों से उत्साहवर्धन किया। प्रस्तुतियों में भारत की विभिन्न भाषाओं, संस्कृतियों और परंपराओं के बीच एकता की खूबसूरत झलक देखने को मिली।
कार्यक्रम के समापन पर जिला प्रशासन की ओर से सभी प्रतिभागी छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया। अतिथियों ने विद्यार्थियों की प्रतिभा की सराहना करते हुए उन्हें शिक्षा, कला, संस्कृति और राष्ट्र निर्माण के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।
स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर आयोजित इस कार्यक्रम ने वीर शहीद पोटो हो सभागार को देशभक्ति, राष्ट्रीय गौरव और सांस्कृतिक विविधता के रंग में रंग दिया।














