जादूगोड़ा: भीषण गर्मी में भी डटे हैं शिक्षक, गांव-गांव पहुंचकर निभा रहे जनगणना की जिम्मेदारी

सौरभ कुमार, जादूगोड़ा

जहां एक ओर भीषण गर्मी और तेज धूप के कारण विद्यालयों में बच्चों की छुट्टियां घोषित कर दी गई हैं, वहीं दूसरी ओर सरकारी शिक्षक अपने कर्तव्यों से पीछे हटने का नाम नहीं ले रहे हैं। विद्यालय भले ही 11 जून तक बंद हों, लेकिन शिक्षकों की ड्यूटी लगातार जारी है। इन दिनों वे गांव-गांव जाकर घर-घर जनगणना एवं सर्वे कार्य में जुटे हुए हैं। माटीगोड़ा पंचायत अंतर्गत तेतुलडांगा गांव में शिक्षक भीषण गर्मी के बीच लोगों के घरों तक पहुंचकर जनगणना का कार्य पूरी निष्ठा और जिम्मेदारी के साथ कर रहे हैं। तपती धूप, उमस और कठिन परिस्थितियों के बावजूद शिक्षक अपने दायित्व को सर्वोपरि मानते हुए लगातार क्षेत्र में कार्य कर रहे हैं। मीडिया से बातचीत के दौरान शिक्षक मुरारी मोहन, लालमोहन महतो, कृतिका मंडल एवं रुपेश वर्मा ने बताया कि देशहित में उन्हें जो जिम्मेदारी सौंपी गई है, उसे वे पूरी ईमानदारी और समर्पण के साथ निभा रहे हैं। उन्होंने कहा कि बढ़ती गर्मी जरूर चुनौतीपूर्ण है, लेकिन जनता तक पहुंचकर सही आंकड़े जुटाना बेहद जरूरी है।
शिक्षकों ने कहा कि सरकारी कार्यों में शिक्षा के साथ-साथ जनसेवा की भी अहम भूमिका होती है। यही कारण है कि वे कठिन मौसम को नजरअंदाज करते हुए गांव-गांव जाकर लोगों से जानकारी एकत्र कर रहे हैं। स्थानीय लोगों ने भी शिक्षकों की मेहनत और समर्पण की सराहना की। ग्रामीणों का कहना है कि जिस समय लोग गर्मी से बचने के लिए घरों में रहना पसंद कर रहे हैं, उस समय शिक्षक घर-घर पहुंचकर अपनी जिम्मेदारी निभा रहे हैं, जो वास्तव में प्रशंसनीय है। भीषण गर्मी में शिक्षकों का यह संघर्ष और कर्तव्यनिष्ठा यह साबित करता है कि राष्ट्र निर्माण में शिक्षक केवल बच्चों को शिक्षा देने तक सीमित नहीं हैं, बल्कि हर महत्वपूर्ण सरकारी जिम्मेदारी को भी पूरी ईमानदारी से निभाते हैं।

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