चाईबासा: पश्चिमी सिंहभूम जिला प्रशासनहिट एंड रन दुर्घटनाओं के पीड़ितों और मृतकों के आश्रितों को समयबद्ध मुआवजा उपलब्ध कराने की प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। जिला समाहरणालय सभागार में उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी मनीष कुमार की अध्यक्षता में आयोजित समीक्षा बैठक में लंबित मामलों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक में बताया गया कि जिले में अब तक 75 हिट एंड रन मामलों में पीड़ितों एवं मृतकों के आश्रितों को ₹1 करोड़ 45 लाख 50 हजार की मुआवजा राशि का भुगतान किया जा चुका है। वहीं, 50 मामलों की जांच और सत्यापन प्रक्रिया पूरी होने के बाद उन्हें जनरल इंश्योरेंस काउंसिल को भेज दिया गया है। इसके अलावा हाल ही में प्राप्त 32 नए आवेदनों की भी क्रमवार समीक्षा की गई।
उपायुक्त मनीष कुमार ने सभी अंचल अधिकारियों, अनुमंडल पदाधिकारियों, पुलिस प्रशासन और जिला परिवहन विभाग को निर्देश दिया कि जिन मामलों में दस्तावेज या जांच रिपोर्ट लंबित हैं, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूरा किया जाए ताकि पात्र लाभुकों को बिना किसी अनावश्यक देरी के मुआवजा मिल सके।
उन्होंने कहा कि हिट एंड रन दुर्घटनाएं अत्यंत संवेदनशील मामले हैं और ऐसे समय में प्रभावित परिवारों को समय पर आर्थिक सहायता उपलब्ध कराना जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। साथ ही अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए ताकि अधिक से अधिक पात्र परिवार इसका लाभ उठा सकें।मुआवजा का प्रावधान
मृतक के आश्रितों को: ₹2 लाख की अनुग्रह सहायता गंभीर रूप से घायल व्यक्ति को: ₹50 हजार की आर्थिक सहायता।आवेदन के लिए आवश्यक दस्तावेज
आवेदक को निर्धारित फॉर्म (1 से 4), आधार कार्ड, बैंक पासबुक की प्रति, एफआईआर, पोस्टमार्टम या मेडिकल रिपोर्ट तथा मृत्यु के मामलों में मृत्यु प्रमाण पत्र सहित अन्य आवश्यक दस्तावेज जमा करने होंगे।
जिला प्रशासन ने अपील की है कि हिट एंड रन दुर्घटना से प्रभावित परिवार निर्धारित दस्तावेजों के साथ संबंधित अंचल कार्यालय या जिला परिवहन कार्यालय में आवेदन कर योजना का लाभ प्राप्त करें








