चाईबासा: पश्चिमी सिंहभूम जिले के लोगों के लिए ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने की प्रक्रिया को आसान और सुविधाजनक बनाने की दिशा में जिला प्रशासन की ओर से महत्वपूर्ण पहल की गई है। झारखंड सरकार के निर्देश पर जिले में विशेष ड्राइविंग लाइसेंस शिविर के द्वितीय चरण की शुरुआत कर दी गई है। इस चरण के तहत जिले के सभी प्रखंडों में स्थायी ड्राइविंग लाइसेंस से संबंधित प्रक्रिया भी शुरू की गई है।

इस नई व्यवस्था का सबसे बड़ा लाभ यह होगा कि ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के नागरिकों को ड्राइविंग लाइसेंस से जुड़े प्रत्येक कार्य के लिए जिला परिवहन कार्यालय का चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा। निर्धारित तिथि पर प्रखंड कार्यालय या पंचायत स्तर पर आयोजित शिविर में पहुंचकर पात्र आवेदक विभिन्न परिवहन सेवाओं का लाभ ले सकेंगे।
लर्निंग से लेकर स्थायी लाइसेंस तक की सुविधा
शिविर के माध्यम से नए आवेदकों के लिए लर्निंग ड्राइविंग लाइसेंस की आवेदन प्रक्रिया और दस्तावेज सत्यापन की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। वहीं, निर्धारित वाहन चलाने की परीक्षा में सफल होने वाले आवेदकों के स्थायी ड्राइविंग लाइसेंस की प्रक्रिया भी स्थानीय स्तर पर आगे बढ़ाई जाएगी।
इसके अलावा समाप्त हो चुके ड्राइविंग लाइसेंस के नवीकरण तथा लाइसेंस में नाम, पता या अन्य आवश्यक विवरणों में संशोधन जैसी सेवाएं भी शिविर के माध्यम से उपलब्ध कराई जाएंगी।
जिला परिवहन कार्यालय जाने की जरूरत होगी कम
प्रखंड और पंचायत स्तर पर शिविर आयोजित किए जाने से लोगों को जिला मुख्यालय तक आने-जाने में लगने वाले समय, खर्च और श्रम की बचत होगी। खासकर दूरदराज के ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों के लिए यह सुविधा काफी उपयोगी साबित हो सकती है।
स्थानीय स्तर पर परिवहन विभाग की सेवाएं उपलब्ध होने से लाइसेंस बनवाने की प्रक्रिया को अधिक सरल, पारदर्शी और नागरिक-केंद्रित बनाने का प्रयास किया जा रहा है।
इन दस्तावेजों के साथ पहुंचना होगा शिविर में
ड्राइविंग लाइसेंस से संबंधित सेवा लेने के लिए आवेदकों को आवश्यक दस्तावेजों की मूल प्रति के साथ छायाप्रति लेकर शिविर में उपस्थित होना होगा। पहचान एवं आयु प्रमाण के लिए आधार कार्ड, पैन कार्ड या दसवीं कक्षा का प्रमाण-पत्र प्रस्तुत किया जा सकता है।
पता प्रमाण के रूप में आधार कार्ड, बिजली बिल या राशन कार्ड जैसे दस्तावेज स्वीकार किए जाएंगे। इसके अलावा आवेदकों को पासपोर्ट आकार के रंगीन फोटो भी साथ रखना होगा। वाणिज्यिक या परिवहन वाहन के लाइसेंस के लिए निर्धारित चिकित्सकीय प्रमाण-पत्र, यानी प्रपत्र-1 या प्रपत्र-1ए की आवश्यकता होगी।
ऑनलाइन आवेदन के बाद शिविर में सत्यापन
लाइसेंस के लिए आवेदक परिवहन सेवा के आधिकारिक सारथी पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर निर्धारित शुल्क का भुगतान कर सकते हैं। इसके बाद निर्धारित तिथि पर संबंधित प्रखंड कार्यालय या पंचायत भवन में आयोजित शिविर में पहुंचना होगा।
शिविर में परिवहन विभाग के पदाधिकारियों द्वारा आवेदकों के दस्तावेजों की जांच और सत्यापन किया जाएगा। स्थायी ड्राइविंग लाइसेंस के लिए पात्र आवेदकों को निर्धारित वाहन चलाने की परीक्षा भी देनी होगी। परीक्षा में सफल होने के बाद स्थायी लाइसेंस जारी करने की आगे की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
जिला प्रशासन ने लोगों से की सुविधा का लाभ उठाने की अपील
जिला प्रशासन ने पश्चिमी सिंहभूम जिले के नागरिकों से अपील की है कि वे ड्राइविंग लाइसेंस से संबंधित इस विशेष सुविधा का अधिक से अधिक लाभ उठाएं। आवेदक निर्धारित तिथि और स्थान की जानकारी प्राप्त कर आवश्यक दस्तावेजों के साथ शिविर में पहुंच सकते हैं।
प्रशासन का उद्देश्य परिवहन विभाग से जुड़ी सेवाओं को लोगों के नजदीक पहुंचाना और लाइसेंस बनवाने की प्रक्रिया में होने वाली अनावश्यक परेशानी को कम करना है। शिविरों के माध्यम से स्थानीय स्तर पर सेवाएं उपलब्ध होने से जिले के नागरिकों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।















