खूंटपानी:पश्चिमी सिंहभूम जिले के एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय, तोरसिंदरी खूंटपानी में एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय क्लस्टर स्तरीय खेलकूद प्रतियोगिता 2026-27 का भव्य शुभारंभ हुआ। प्रतियोगिता का उद्घाटन उप विकास आयुक्त श्री उत्कर्ष कुमार ने दीप प्रज्वलित कर किया। इस दौरान अतिथियों द्वारा मशाल प्रज्वलित कर प्रतियोगिता के विधिवत शुभारंभ की घोषणा की गई।
कार्यक्रम में सहायक समाहर्ता सुश्री ईरा जोरवाल, प्रखंड विकास पदाधिकारी श्री धनंजय पाठक, विद्यालय के प्राचार्य, शिक्षक-शिक्षिकाएं, प्रशिक्षक सहित बड़ी संख्या में प्रतिभागी छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
17 एकलव्य विद्यालयों के करीब 680 खिलाड़ी शामिल
राष्ट्रीय आदिवासी छात्र शिक्षा समिति, जनजातीय कार्य मंत्रालय, भारत सरकार के मार्गदर्शन में आयोजित इस क्लस्टर स्तरीय प्रतियोगिता में सिंहभूम प्रमंडल के कल्याण विभाग द्वारा संचालित 17 एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालयों के करीब 680 छात्र-छात्राएं हिस्सा ले रहे हैं। प्रतियोगिता में अंडर-14 और अंडर-19 आयु वर्ग के खिलाड़ी अपनी खेल प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे।
आयोजन के माध्यम से विद्यार्थियों को खेल प्रतिभा प्रदर्शित करने के साथ-साथ अनुशासन, टीम भावना, नेतृत्व क्षमता और खेल भावना विकसित करने का अवसर मिल रहा है।
कई खेल प्रतियोगिताओं में दिखेगा खिलाड़ियों का दम
प्रतियोगिता के दौरान एथलेटिक्स की विभिन्न स्पर्धाएं आयोजित की जाएंगी। इनमें 100 मीटर, 200 मीटर और 400 मीटर दौड़, 4×100 मीटर एवं 4×400 मीटर रिले, पैदल चाल, ऊंची कूद, गोला फेंक, चक्का फेंक और त्रिकूद जैसी स्पर्धाएं शामिल हैं।
इसके अलावा शतरंज, टेबल टेनिस और योग में भी प्रतिभागी अपनी प्रतिभा दिखाएंगे। टीम स्पर्धाओं में बास्केटबॉल, कबड्डी, खो-खो, वॉलीबॉल, फुटबॉल, हॉकी और हैंडबॉल का आयोजन किया जाएगा।
खेल जीवन में अनुशासन और आत्मविश्वास सिखाता है : उप विकास आयुक्त
उद्घाटन समारोह में उप विकास आयुक्त उत्कर्ष कुमार ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि खेल सिर्फ प्रतियोगिता जीतने का माध्यम नहीं है, बल्कि इससे जीवन में अनुशासन, आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और टीम भावना विकसित होती है।
उन्होंने खिलाड़ियों से पूरे उत्साह और सकारात्मक सोच के साथ प्रतियोगिता में हिस्सा लेने तथा परिणाम की चिंता किए बिना अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने की अपील की। उन्होंने कहा कि मैदान में उतरना भी प्रत्येक खिलाड़ी के लिए एक उपलब्धि है। निरंतर अभ्यास और समर्पण के जरिए विद्यार्थी खेल के क्षेत्र में जिले और राज्य का नाम रोशन कर सकते हैं।
जीत-हार से ज्यादा महत्वपूर्ण खेल भावना : सहायक समाहर्ता
सहायक समाहर्ता ईरा जोरवाल ने सभी खिलाड़ियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि खेल प्रतियोगिता में जीत और हार से अधिक महत्वपूर्ण सहभागिता, अनुभव और खेल भावना है। उन्होंने विद्यार्थियों से अनुशासन का पालन करते हुए स्वस्थ प्रतिस्पर्धा के साथ अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि एकलव्य विद्यालयों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों में खेल सहित विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रतिभाएं मौजूद हैं। इस तरह के आयोजन विद्यार्थियों को अपनी क्षमता पहचानने और उसे बेहतर मंच पर प्रदर्शित करने का अवसर देते हैं।
उद्घाटन के दौरान अतिथियों ने खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त कर उनका उत्साह बढ़ाया और बेहतर प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएं दीं। प्रतियोगिता स्थल पर छात्र-छात्राओं में खासा उत्साह और ऊर्जा देखने को मिली।
आयोजन का मुख्य उद्देश्य आदिवासी छात्र-छात्राओं की खेल प्रतिभा को प्रोत्साहित करना और उन्हें जिला, राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के लिए बेहतर मंच उपलब्ध कराना है।















