चाईबासा, पश्चिमी सिंहभूम। दुर्गा पूजा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा और जिले में शांति एवं विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पश्चिमी सिंहभूम जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। इसी क्रम में सोमवार को उप विकास आयुक्त उत्कर्ष कुमार ने सहायक समाहर्ता ईरा जोरवाल और सहायक पुलिस अधीक्षक राजकुमार जय राजू के साथ चाईबासा के विभिन्न दुर्गा पूजा पंडालों का निरीक्षण किया। इस दौरान अधिकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था, भीड़ प्रबंधन और श्रद्धालुओं के आवागमन की तैयारियों का जायजा लिया।
अमला टोला से गांधी टोला तक सुरक्षा व्यवस्था की जांच
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने अमला टोला, गांधी टोला और टुंगरी न्यू कॉलोनी सहित विभिन्न पूजा पंडालों का भ्रमण किया। इस दौरान पंडालों में श्रद्धालुओं की सुरक्षा, भीड़ को नियंत्रित करने, आवागमन सुचारू रखने और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए की गई व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई।
ड्यूटी में लापरवाही नहीं बरतने के निर्देश
उप विकास आयुक्त उत्कर्ष कुमार ने पूजा पंडालों में तैनात दंडाधिकारियों और पुलिस पदाधिकारियों को अपने निर्धारित स्थलों पर नियमित रूप से उपस्थित रहने तथा पूरी सतर्कता के साथ ड्यूटी करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि पूजा के दौरान भीड़ की स्थिति पर लगातार नजर रखी जाए और सभी संबंधित अधिकारी आपसी समन्वय के साथ काम करें।
उन्होंने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया कि किसी भी तरह की समस्या, अव्यवस्था या अप्रिय स्थिति की सूचना मिलते ही तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि पूजा आयोजन के दौरान शांति व्यवस्था प्रभावित न हो।
श्रद्धालुओं की सुरक्षा प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता
जिला प्रशासन का मुख्य उद्देश्य दुर्गा पूजा को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराना है। इसके लिए जिले के विभिन्न क्षेत्रों में लगातार निरीक्षण कर व्यवस्थाओं की निगरानी की जा रही है। प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर संबंधित अधिकारियों को जिम्मेदारी और तत्परता के साथ कार्य करने पर जोर दिया है, ताकि श्रद्धालु बिना किसी परेशानी के मां दुर्गा की पूजा-अर्चना कर सकें।
आपातकालीन सहायता: पुलिस, अग्निशमन एवं चिकित्सा सेवाओं के लिए डायल करें 112।















